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रविवार, ३१ डिसेंबर, २०१७

जब इलेक्शन नजदीक आते है तब दलित राजनेता बहुजन समाज के हितेषी होने का ढोंग करते है - लक्ष्य


लखनौ (नृसिंह न्यूज नेटवर्क) दिनांक 31 दिसम्बर 2017 को लक्ष्य  की महिला टीम ने उत्तर प्रदेश के जिला सीतापुर के ग्राम सिढौली में "लक्ष्य गांव गांव की ओर" अभियान के तहत  भीमा कोरेगांव संघर्ष के 200 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में शौर्य दिवस के रूप में कैडर कैम्प का आयोजन करके वर्ष 2017 को विदाई दी*। जिसमें गांव के लोगों ने विशेषतौर पर महिलाओं व युवाओं ने बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया।

लक्ष्य कमांडर मुन्नी बौद्ध  ने लोगों को सम्बोधित करते हुए कहा कि बहुजन समाज को अपनी स्थिति में परिवर्तन लाने के लिए स्वंय ही रास्ते निकालने होंगे। अपने महापुरुषों द्वारा बताये मार्ग को अपनाना होगा। उन्होंने दुःख प्रकट करते हुए कहा कि बहुजन समाज के नेताओं ने भी अपना कर्तव्य ठीक से नहीं निभाया और वे लोग भी दूषित मानसिकता वाले लोगों जैसा  व्यहवार करने लगे जिससे बहुजन समाज की स्थिति में कोई अंतर नहीं आया। उन्होंने कहा की आये दिन बहुजन समाज पर अत्याचार होते रहते हैं उनकी महिलायें भी सुरक्षित नहीं हैं और ये नेता बहुजन समाज के अधिकारों के लिए मुँह तक नहीं खोलते हैं और जब इलेक्शन नजदीक आते है तब ये राजनेता बहुजन समाज के हितेषी होने का ढोंग करते है। जो कि अत्यंत ही खेद का विषय है।

लक्ष्य कमांडर संघमित्रा गौतम ने भीमा कोरेगांव संघर्ष के 200 वर्ष पूरे होने को शौर्य दिवस के रूप में संबोधित करते हुए कहा कि पेशवाई राज्य में शूद्रों के कमर में झाड़ू और गले में हांडी बंधवाई गई थी । उन्होंने कहा की  1 जनवरी 1818 को  कोरेगावं में  मात्र 500 भूखे प्यासे महारों ने 28000 पेशवाओं को धूल चटाई थी* उन्होंने कहा कि बहुजन समाज को अपनी जातियों की दीवारों  से बहार निकलकर एक मजबूत बहुजन समाज बनाना होगा। उन्होंने आवाह्न करते हुए कहा कि अब समय आ गया है कि युवाओं व महिलाओं को इस आंदोलन की कमान अपने हाथों में लेनी होगी उन्होंने बहुजन समाज एवं महिलाओं के लिए बाबा साहब डॉ भीमराव अम्बेडकर जी द्वारा किए गए संघर्षों पर विस्तृत चर्चा करते हुए कहा कि अगर बहुजन समाज एकजुट हो जाए तो वह सरकारें भी झुका सकता है।

लक्ष्य कमांडर उमा अनिल  ने पेरियार ई. वी. रामास्वामी नायकर द्वारा बहुजन समाज के लिए किए गए संघर्ष पर विस्तारपूर्वक चर्चा की उन्होंने कहा कि नायकर जी ने नशामुक्त समाज की स्थापना के लिए अपने खेत में खड़े हजारों ताड़ के पेंड़ कटवा दिए थे। श्रीमती अनिल ने तथागत गौतम बुद्ध की शिक्षाओं पर जोर देते हुए कहा कि तथागत गौतम बुद्ध ने हमें वैज्ञानिक मार्ग दिया जिसमें अंधविश्वास कोसों दूर है उन्होंने कहा था कि आप अपना दीपक स्वंय बनें तथा अंधविश्वास से दूर रहें।

लक्ष्य कमांडर सीमा चौधरी ने लक्ष्य द्वारा चलाई जा रही सामाजिक क्रांति के बारे में विस्तार से बताया और लोगों को आवाह्न किया कि वो भी इस सामाजिक क्रांति में शामिल हों और अपनी बिगड़ी स्वयं बनायें  उन्होंने महिला शिक्षा में माता सावित्री बाई फूले के योगदान पर विस्तारपूर्वक जानकारी दी। लक्ष्य कमांडर रेखा आर्या ने माता रमाबाई द्वारा किए गए त्याग पर चर्चा करते हुए कहा कि यदि उन्होंने बाबा साहब डॉ भीमराव अम्बेडकर जी का साथ न दिया होता तो बहुजन समाज का उत्थान असम्भव था। उन्होंने आगे कहा कि बाबा साहब डॉ भीमराव अम्बेडकर जी ने हमारे समाज को बराबरी का दर्जा दिलाने के लिए अपने परिवार को कुर्बान कर दिया।

लक्ष्य सलाहकार एम. एल. आर्या ने संगठन के कार्य एवं उद्देश्यों की विस्तृत जानकारी देते हुए बहुजन समाज में जन्में महापुरुषों द्वारा किए गए संघर्षों पर चर्चा की। लक्ष्य कमांडर सुदर्शन भारती* ने गांववासियो की ओर से लक्ष्य की महिला टीम को धन्यवाद दिया और जिला सीतापुर में गावं गावं में लक्ष्य की टीम मजबूत करने का अश्वासन दिया। गावं की सुमन गौतम, फूलचंद गौतम, भानु गौतम व् वीरेंद्र कुमार  ने भी अपने विचार रखे और लक्ष्य की महिला कमांडरों की भूरी भूरी प्रशंसा की और उनके साथ मिलकर इस सामाजिक आंदोलन को मज़बूती देने की बात कही ।

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